उत्तर प्रदेश के शामली जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है। सहारनपुर एंटी करप्शन टीम ने कांधला क्षेत्र में एक लेबर इंस्पेक्टर को 15 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ पकड़ लिया। आरोपी इंस्पेक्टर ने यह रकम एक पीड़ित पिता से उसके बेटे की बीमा राशि दिलाने के नाम पर मांगी थी। इस घटना के बाद पूरे विभाग में हड़कंप मच गया है।
क्या है मामला?
कांधला क्षेत्र के असदपुर जिडना गांव के रहने वाले सुबेदीन के बेटे की तीन साल पहले सड़क हादसे में मौत हो गई थी। मृतक के पास मजदूरी कार्ड था, जिसके तहत सरकार से 5 लाख रुपये की बीमा राशि मिलती है। सुबेदीन ने सभी जरूरी कागजात पूरे करके श्रम विभाग में फाइल जमा की थी।
लेकिन लेबर इंस्पेक्टर ने फाइल आगे बढ़ाने के लिए पहले 20 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। बातचीत के बाद यह रकम घटाकर 15 हजार रुपये तय की गई।
एंटी करप्शन टीम ने बिछाया जाल
परेशान सुबेदीन ने इसकी शिकायत सहारनपुर एंटी करप्शन टीम से की। योजना के तहत सोमवार को इंस्पेक्टर को रिश्वत लेते पकड़ने के लिए कार्रवाई की गई।
इंस्पेक्टर अपनी कार से आदर्श मंडी थाना क्षेत्र स्थित पानीपत-खटीमा हाईवे पर कस्बा बनत के एक होटल पर पहुंचा। वहां सुबेदीन ने उसे 15 हजार रुपये दिए। जैसे ही इंस्पेक्टर ने रकम ली, पास में मौजूद टीम ने दबिश देकर उसे रंगेहाथ पकड़ लिया।
पीड़ित का बयान
सुबेदीन ने कहा, “मेरे बेटे की मौत तीन साल पहले सड़क हादसे में हो गई थी। बीमा राशि पाने के लिए मैंने सभी कागजी कार्रवाई की, लेकिन इंस्पेक्टर ने 20 हजार रुपये की रिश्वत मांग ली। मजबूर होकर मैंने एंटी करप्शन टीम से शिकायत की और आज वह रिश्वत लेते पकड़ा गया।”
कानूनी कार्रवाई जारी
एंटी करप्शन टीम ने आरोपी इंस्पेक्टर को मौके से गिरफ्तार कर थाने पहुंचाया और उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर लिया है। फिलहाल मामले की जांच और आगे की कार्रवाई जारी है।










