उत्तर प्रदेश में शीतलहर और घने कोहरे ने जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित कर दिया है। कड़ाके की ठंड के साथ सर्द पछुआ हवाओं और घने कोहरे के चलते लोगों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। शुक्रवार को वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर समेत उत्तराखंड से सटे 40 से अधिक जिलों में ठिठुरन महसूस की गई, जबकि शनिवार की सुबह भी सड़कों पर कोहरे की सफेद चादर तनी नजर आई।
मौसम विभाग ने प्रदेश के पूरब से लेकर पश्चिम तक के 40 से अधिक जिलों में अत्यधिक घने कोहरे का रेड अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही तराई और पूर्वी यूपी के कई जिलों में अत्यधिक शीतदिवस (कोल्ड डे) को लेकर भी चेतावनी दी गई है। विभाग का कहना है कि यह स्थिति अगले एक से दो दिनों तक बनी रह सकती है।
नोएडा से वाराणसी तक कोहरे का असर
नोएडा से लखनऊ और वाराणसी से आगरा तक शनिवार सुबह घना कोहरा छाया रहा। दृश्यता बेहद कम होने के कारण सड़कों पर वाहनों की रफ्तार थमी नजर आई। मौसम विभाग के अनुसार 20 दिसंबर को भी पूर्वी और पश्चिमी यूपी के अधिकांश शहरों में सुबह के समय घना कोहरा देखने को मिलेगा। इस बीच 16 से ज्यादा जिलों में कोल्ड डे का रेड अलर्ट लागू किया गया है।
न्यूनतम तापमान में गिरावट के आसार
मौसम विभाग का अनुमान है कि सर्द हवाओं की वजह से आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान में और गिरावट दर्ज की जाएगी। तराई इलाकों में घना से अत्यंत घना कोहरा छाए रहने की संभावना है, जिससे ठंड का असर और बढ़ेगा।
राजधानी लखनऊ और एनसीआर का हाल
राजधानी लखनऊ में शनिवार को घना कोहरा छाया रहा, जिसे देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। हालांकि दोपहर बाद हल्की धूप निकलने की संभावना जताई गई है। वहीं नोएडा और गाजियाबाद में भी दिन की शुरुआत घने कोहरे के साथ हुई। इन शहरों में अधिकतम तापमान करीब 11 डिग्री और न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
कई जिलों में दृश्यता शून्य
शुक्रवार को घने कोहरे के कारण आगरा, बरेली, कुशीनगर और गोरखपुर में सुबह के समय दृश्यता शून्य तक पहुंच गई थी। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।
कुल मिलाकर, यूपी के लोगों को आने वाले दिनों में और ज्यादा ठंड के लिए तैयार रहना होगा, क्योंकि मौसम विभाग ने साफ संकेत दिए हैं कि शीतलहर और कोहरे का प्रकोप अभी जारी रहेगा।










