उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 1.65 लाख रुपये के इनामी और कुख्यात अपराधी भानु प्रताप सिंह को मुठभेड़ में मार गिराया। भानु प्रताप पर हत्या, रंगदारी, डकैती समेत 40 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज थे और वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से फरार चल रहा था।
जानकारी के अनुसार, STF को भानु प्रताप के अयोध्या क्षेत्र में होने की सूचना मिली थी। इसके बाद टीम ने घेराबंदी कर उसे पकड़ने का प्रयास किया। खुद को घिरता देख भानु प्रताप ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में STF ने भी गोली चलाई, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
घायल अवस्था में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
कई जिलों की पुलिस को थी तलाश
भानु प्रताप सिंह को उत्तर प्रदेश के कुख्यात कॉन्ट्रैक्ट किलर्स में गिना जाता था। उसके खिलाफ कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज थे और वह लंबे समय से वांछित चल रहा था।
उस पर अलग-अलग जिलों की पुलिस ने इनाम घोषित कर रखा था—
- आजमगढ़ पुलिस: ₹1 लाख
- अंबेडकरनगर पुलिस: ₹50 हजार
- गोरखपुर पुलिस: ₹15 हजार
इस तरह उस पर कुल ₹1.65 लाख का इनाम घोषित था।
40 से ज्यादा मुकदमे दर्ज
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक भानु प्रताप के खिलाफ हत्या, रंगदारी, लूट, डकैती और अन्य गंभीर अपराधों से जुड़े 40 से अधिक मुकदमे दर्ज थे। वह कई मामलों में कोर्ट में पेश नहीं हो रहा था और लगातार फरार चल रहा था।
गोरखपुर का रहने वाला था
भानु प्रताप सिंह मूल रूप से गोरखपुर का रहने वाला था। अपराध जगत में उसकी पहचान एक सुपारी किलर के रूप में थी। पुलिस को लंबे समय से उसकी तलाश थी और कई जिलों की टीमें उसकी गिरफ्तारी के प्रयास में लगी थीं।
STF की इस कार्रवाई को प्रदेश में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की बड़ी सफलता माना जा रहा है।










