सीजेएम ट्रांसफर पर अखिलेश यादव का हमला, बोले- सुप्रीम कोर्ट से संज्ञान की उम्मीद

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने संभल के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) विभांशु सुधीर के तबादले को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि जिस तरह से सीओ अनुज चौधरी के खिलाफ FIR दर्ज करने के आदेश के कुछ ही दिनों बाद CJM का ट्रांसफर किया गया, वह न्यायपालिका पर दबाव का संकेत देता है। अखिलेश यादव ने उम्मीद जताई कि इस मामले में सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट स्वतः संज्ञान लेंगे।

गौरतलब है कि नवंबर 2024 में संभल की जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान हुई हिंसा के मामले में CJM विभांशु सुधीर ने 9 जनवरी 2026 को तत्कालीन सीओ (अब एएसपी) अनुज चौधरी समेत 20 से अधिक पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज करने का आदेश दिया था। इसके बाद इलाहाबाद हाई कोर्ट ने प्रशासनिक फेरबदल करते हुए विभांशु सुधीर सहित 14 न्यायिक अधिकारियों का तबादला कर दिया। विभांशु सुधीर को सुल्तानपुर में सिविल जज (सीनियर डिवीजन) के पद पर भेजा गया है, जबकि संभल में सिविल जज आदित्य सिंह को नया CJM नियुक्त किया गया है।

इस फैसले के विरोध में संभल में वकीलों ने प्रदर्शन किया और ‘CJM को वापस लाओ’ के नारे लगाए। अखिलेश यादव ने इसे न्यायिक स्वतंत्रता से जुड़ा मामला बताते हुए उच्च न्यायालयों से हस्तक्षेप की अपील की।

इसी बीच अखिलेश यादव ने लखनऊ में समाजवादी पार्टी के सभी सांसदों की अहम बैठक भी बुलाई। पार्टी मुख्यालय में हुई इस बैठक में लोकसभा के 37 और राज्यसभा के 4 सांसद शामिल हुए। बैठक में आगामी चुनावी रणनीति, संगठन की मजबूती और संसदीय क्षेत्रों की विधानसभा सीटों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई।

सांसदों को संबोधित करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि ये 37 सांसद 2027 के विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत की नींव बनेंगे।” बैठक में विधानसभावार रिपोर्ट की समीक्षा की गई और मिशन 2027 को लेकर नई रणनीति पर मंथन करते हुए सांसदों को जमीनी स्तर पर जिम्मेदारियां सौंपी गईं।

News Rastra
Author: News Rastra

Leave a Comment

और पढ़ें