स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से लगातार 12वीं बार धव्जारोहण किया। इस अवसर पर फ्लाइंग ऑफिसर रशिका शर्मा उनके साथ मौजूद रहीं, जबकि 1721 फील्ड बैटरी (सेरेमोनियल) के वीर जवानों ने स्वदेशी 105 मिमी लाइट फील्ड गन से 21 तोपों की सलामी दी। इस बैटरी की कमान मेजर पवन सिंह शेखावत के हाथों में और नायब सूबेदार अनुतोष सरकार गन पोज़िशन ऑफिसर थे।
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने कहा कि आजादी का यह पर्व 140 करोड़ भारतीयों की सामूहिक शक्ति और एकजुटता का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि धारा 370 हटाकर “एक देश, एक संविधान” का सपना साकार किया गया, जो डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को सच्ची श्रद्धांजलि है।
प्रधानमंत्री ने ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए कहा कि पहलगाम हमले के बाद सेना को पूरी छूट दी गई, और हमारे जवानों ने दुश्मन के ठिकानों को सैकड़ों किलोमीटर अंदर जाकर तबाह कर दिया। उन्होंने चेताया कि आतंकवादियों और उनके समर्थकों को अलग नहीं माना जाएगा और न्यूक्लियर ब्लैकमेल अब बर्दाश्त नहीं होगा।
पीएम मोदी ने कहा कि सिंधु जल समझौते के कारण भारत का पानी दुश्मन की धरती को सींच रहा है जबकि हमारे किसान प्यासे हैं। यह स्थिति अब स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने आत्मनिर्भरता को देश की सुरक्षा और सम्मान से जोड़ा, यह बताते हुए कि रक्षा, ऊर्जा और तकनीक के क्षेत्र में भारत तेजी से स्वदेशी क्षमता विकसित कर रहा है।
प्रधानमंत्री ने बताया कि 11 साल में सौर ऊर्जा उत्पादन 30 गुना बढ़ चुका है, परमाणु ऊर्जा में 2047 तक 10 गुना वृद्धि का लक्ष्य है, और क्रिटिकल मिनरल खोज के लिए राष्ट्रीय मिशन शुरू किया गया है। उन्होंने घोषणा की कि भारत का अपना स्पेस स्टेशन बनाने की तैयारी है और मेड इन इंडिया जेट इंजन का लक्ष्य रखा गया है।
रोजगार के मोर्चे पर, उन्होंने प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना की शुरुआत की, जिसके तहत निजी क्षेत्र में पहली नौकरी पाने वाले युवाओं को 15 हजार रुपये की सहायता और रोजगार देने वाली कंपनियों को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। यह योजना 3.5 करोड़ युवाओं के लिए अवसर लाएगी।
महिलाओं की आर्थिक ताकत पर बोलते हुए पीएम मोदी ने बताया कि 2 करोड़ से अधिक महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं। उन्होंने वोकल फॉर लोकल को राष्ट्रीय मंत्र बनाने और MSME की गुणवत्ता व लागत में सुधार पर जोर दिया।
प्रधानमंत्री ने चेताया कि घुसपैठिए युवाओं की नौकरियां छीन रहे हैं और जनसांख्यिकीय बदलाव देश के लिए खतरा है। इसके लिए हाईपावर्ड डेमोग्राफी मिशन शुरू किया गया है। उन्होंने 2035 तक सभी अहम केंद्रों को टेक्नोलॉजी आधारित सुरक्षा कवच देने का संकल्प भी लिया और सुदर्शन चक्र मिशन की घोषणा की, जो दुश्मन के हमलों को विफल करने के साथ सटीक जवाबी कार्रवाई करेगा।
मोदी ने कहा कि बीता दशक “रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म” का रहा है, और अब अगला कदम नई ऊर्जा के साथ विकास की रफ्तार को और तेज करना है। उन्होंने दिवाली पर जीएसटी में बड़े सुधार और टैक्स दरों में कमी का वादा किया।
अंत में, उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि अपने विचारों को कभी खत्म न होने दें और देश के विकास में भागीदार बनें, क्योंकि 2047 में विकसित भारत का सपना सभी के सामूहिक प्रयास से ही पूरा होगा।










