Up weather Update : उत्तर प्रदेश में मौसम ने एकाएक करवट ली है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से रविवार को प्रदेश के कई हिस्सों में तेज हवाओं, बारिश और ओलावृष्टि ने कहर बरपाया। मुजफ्फरनगर में देर रात तेज हवाओं के साथ झमाझम बारिश हुई, कई इलाकों में मटर के दाने जितने बड़े ओले गिरे। बिजनौर में आंधी इतनी तेज चली कि पेड़ उखड़ गए, सड़क किनारे लगे होर्डिंग्स ढह गए और बिजली के खंभे गिरने से कई इलाकों में अंधेरा छा गया।
सोमवार को मौसम विभाग ने वाराणसी समेत 43 जिलों में हल्की बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है, जबकि 17 जिलों में ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है। कई जगहों पर 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। लखनऊ के आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अतुल सिंह ने बताया, “पश्चिमी विक्षोभ और पहाड़ों में हो रही बर्फबारी के कारण यह बदलाव आया है। पूर्वी और पश्चिमी यूपी में आज भी बारिश-आंधी के आसार हैं। 19 मार्च से एक और नया विक्षोभ सक्रिय होगा, जिससे बारिश-ओले का दौर फिर शुरू हो सकता है।”
पिछले 24 घंटों में क्या हुआ? रविवार को नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, अयोध्या समेत 15 शहरों में तेज हवा के साथ हल्की बारिश हुई। लखनऊ में धूलभरी आंधी चली। हरदोई और सीतापुर में बिजली गिरने से किसान समेत 2 लोगों की मौत हो गई, जबकि 2 बच्चों सहित 3 लोग झुलस गए। बारिश और ओलों से खड़ी फसलें झुक गईं, जिससे किसानों में चिंता है। हालांकि, लोगों को बढ़ती गर्मी से कुछ राहत मिली। पिछले 24 घंटे में बांदा सबसे गर्म रहा जहां अधिकतम तापमान 38.4°C दर्ज किया गया (14 मार्च को यहां पारा 40°C पार कर गया था)।
मौसम विभाग का कहना है कि यह बदलाव अस्थायी है और 2-3 दिन बाद मौसम फिर साफ हो सकता है, लेकिन फिलहाल सतर्क रहने की सलाह दी गई है। किसानों और आम लोगों से अपील है कि ओले और तेज हवा के दौरान बाहर निकलने से बचें और फसलों की सुरक्षा के उपाय करें।










