आजमगढ़। उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (STF) को बड़ी सफलता मिली है। आजमगढ़ जिले में 50 हजार रुपए के इनामी बदमाश वाकिफ को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया। वाकिफ पर गो-तस्करी, हत्या, लूट और चोरी जैसे 44 से अधिक गंभीर अपराधों के मुकदमे दर्ज थे। वह आजमगढ़ के फूलपुर क्षेत्र का रहने वाला था और लंबे समय से फरार चल रहा था।
रौनापार क्षेत्र में मुठभेड़, गोली लगने से ढेर हुआ वाकिफ
जानकारी के मुताबिक, बुधवार रात पुलिस टीम लूट की घटनाओं के सुराग जुटाने के लिए गश्त पर थी। इसी दौरान STF को सूचना मिली कि वाकिफ अपने तीन साथियों के साथ थाना रौनापार क्षेत्र की ओर भाग रहा है। सूचना पर टीम ने इलाके की घेराबंदी कर दी।
जैसे ही बदमाशों को पुलिस ने घेरा, उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली वाकिफ को लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़ा। पुलिस ने उसे तत्काल सीएचसी हरैया पहुंचाया, जहां शुक्रवार सुबह डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
तीन साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार
मुठभेड़ के दौरान वाकिफ के तीन साथी मौके से अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। STF टीम का नेतृत्व डिप्टी एसपी डी.के. शाही कर रहे थे। ये वही अधिकारी हैं जिन्होंने सुल्तानपुर डकैती कांड के आरोपी मंगेश यादव का एनकाउंटर किया था।
गो-तस्करी और नेपाल बॉर्डर तक फैला नेटवर्क
27 वर्षीय वाकिफ का नाम 2023 में गोरखपुर के एक गो-तस्करी कांड में सामने आया था। इसके बाद यूपी पुलिस ने उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। आरोप है कि वह नेपाल बॉर्डर के रास्ते गो-तस्करी का नेटवर्क चलाता था।
2017 से अब तक 238 अपराधी एनकाउंटर में मारे गए
राज्य सरकार के आंकड़ों के मुताबिक, मार्च 2017 से जुलाई 2025 के बीच यूपी पुलिस ने 14 हजार से अधिक एनकाउंटर किए हैं। इनमें 238 अपराधी मारे गए, 30 हजार से ज्यादा गिरफ्तार हुए और 9 हजार से अधिक को गोली लगी।










