नई दिल्ली। ग्लोबल साउथ में पहली बार आयोजित हो रही ‘इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026’ की सोमवार को भव्य शुरुआत हुई। प्रधानमंत्री Narendra Modi ने शाम को राजधानी दिल्ली स्थित Bharat Mandapam में समिट का उद्घाटन किया। यह पांच दिवसीय कार्यक्रम 16 से 20 फरवरी तक चलेगा, जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) से जुड़े वैश्विक मुद्दों पर गहन चर्चा की जाएगी।
एआई सुरक्षा और गवर्नेंस पर मंथन
समिट के दौरान एआई सुरक्षा, गवर्नेंस, डेटा सिक्योरिटी और तकनीकी विकास जैसे अहम विषयों पर विचार-विमर्श होगा। इस आयोजन में 15 से 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष, 50 से अधिक मंत्री और 40 से ज्यादा भारतीय व वैश्विक सीईओ हिस्सा ले रहे हैं।
दुनिया की बड़ी टेक कंपनियों के दिग्गज भी इसमें शामिल हैं। इनमें Bill Gates, Sundar Pichai, Kiran Mazumdar-Shaw, Sam Altman और फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron प्रमुख रूप से मौजूद हैं।
‘युवा एआई प्रोग्राम’ का आयोजन
समिट के दौरान ‘युवा एआई प्रोग्राम’ के तहत एक ग्लोबल यूथ चैलेंज भी आयोजित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य छात्रों और युवा पेशेवरों के बीच एआई के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। इस चैलेंज के लिए 38 देशों से करीब 2500 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें से 20 प्रतिभागियों का चयन इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय द्वारा किया जाएगा। इनमें 15 टीमें भारत से हैं। शीर्ष फाइनलिस्ट का चयन वर्ष 2025 में किया गया था।
पांच दिन तक विभिन्न कार्यक्रम
समिट के दौरान स्वास्थ्य, ऊर्जा, शिक्षा, कृषि, सशक्तिकरण और दिव्यांगजनों के क्षेत्र में एआई के उपयोग पर सेमिनार आयोजित किए जाएंगे। अप्लाइड एआई पर विशेष सत्र होंगे और विभिन्न क्षेत्रों की केसबुक भी जारी की जाएगी। इसके अलावा ‘AI by Her: ग्लोबल इंपैक्ट चैलेंज’ का आयोजन Sushma Swaraj Bhawan में किया जाएगा। पैनल चर्चा, गोलमेज सम्मेलन और एआई इम्पैक्ट एक्सपो भी इस समिट का हिस्सा होंगे।
600 से अधिक स्टार्टअप्स और 300 विदेशी पत्रकार
समिट में 600 से अधिक स्टार्टअप्स भाग ले रहे हैं, जो हेल्थकेयर, एग्रीटेक, एजुकेशन, साइबर सिक्योरिटी और अर्बन डेवलपमेंट जैसे क्षेत्रों में नवाचार प्रस्तुत कर रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय सहयोग को दर्शाने के लिए 13 देशों के पवेलियन भी बनाए गए हैं, जिनमें ऑस्ट्रेलिया, जापान, रूस, यूके, फ्रांस, जर्मनी, इटली, नीदरलैंड्स, ताजिकिस्तान, स्विट्जरलैंड, सर्बिया, एस्टोनिया और अफ्रीकी देशों की भागीदारी शामिल है।
इस वैश्विक आयोजन के लिए दुनियाभर से 300 से अधिक विदेशी पत्रकारों ने पंजीकरण कराया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह समिट एआई के क्षेत्र में भारत की भूमिका को और मजबूत करने के साथ-साथ वैश्विक सहयोग को नई दिशा देगी।










