शंकराचार्य विवाद और UGC बिल पर अजय राय का तीखा हमला, BJP पर लगाया ब्राह्मण विरोध का आरोप

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

वाराणसी। शंकराचार्य विवाद और UGC बिल को लेकर कांग्रेस ने केंद्र और राज्य सरकार पर बड़ा राजनीतिक हमला बोला है। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय ने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार संविधान को कमजोर कर देश को “गुलामी की दिशा” में धकेल रही है। बुधवार को लहुराबीर स्थित अपने आवासीय कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने 8 फरवरी को लाल बहादुर शास्त्री घाट पर होने वाले ‘संविधान बचाओ’ कार्यक्रम की घोषणा की।

अजय राय ने बताया कि इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के सभी पांच कांग्रेस सांसद, प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडे सहित कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि यह आयोजन संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए किया जा रहा है।

संविधान पर हमला और विदेश नीति पर सवाल

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने केंद्र सरकार पर संविधान को कमजोर करने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को अमेरिका के सामने गिरवी रख दिया है। विदेशी तेल पर निर्भरता बढ़ाने और भारतीय किसानों की उपज को विदेशी बाजारों के हवाले करने की नीतियां आत्मनिर्भर भारत की सोच को नुकसान पहुंचा रही हैं। अजय राय ने यह भी कहा कि विदेशी फलों को बढ़ावा देकर भारतीय किसानों को संकट में डाला जा रहा है।

इसके साथ ही उन्होंने एक सेवानिवृत्त जनरल की किताब पर लगाए गए प्रतिबंध को अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला बताया और राहुल गांधी को बिना किसी रोक-टोक के बोलने का अधिकार देने की मांग की।

ब्राह्मण समाज और धार्मिक मुद्दों पर कांग्रेस का रुख

कांग्रेस की नई रणनीति का जिक्र करते हुए अजय राय ने कहा कि पार्टी ब्राह्मण और मुस्लिम समुदाय के मुद्दों को मजबूती से उठाएगी। उन्होंने UGC बिल और शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से जुड़े विवाद का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि भाजपा ब्राह्मण समाज का अपमान कर रही है। उन्होंने कहा, “भाजपा के कुछ नेता खुद को शंकराचार्य से भी ऊपर समझने लगे हैं। गोरखपुर में फर्जी एनकाउंटर जैसी घटनाओं के जरिए ब्राह्मणों को निशाना बनाया जा रहा है।”

अजय राय ने याद दिलाया कि कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश को छह ब्राह्मण मुख्यमंत्री दिए हैं और पार्टी ने हमेशा ब्राह्मण समाज का सम्मान किया है।

धार्मिक सद्भाव और ऐतिहासिक स्थलों की सुरक्षा

धार्मिक सौहार्द पर जोर देते हुए अजय राय ने लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) परिसर में स्थित 600 साल पुरानी मजार का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि जब केजीएमयू अस्तित्व में भी नहीं था, तब से यह मजार वहां मौजूद है, लेकिन सरकार हिंदू-मुस्लिम विभाजन फैलाकर धार्मिक स्थलों को नुकसान पहुंचाने की साजिश कर रही है। उन्होंने मणिकर्णिका घाट पर माता अहिल्याबाई होलकर की मूर्ति तोड़े जाने की घटना से तुलना करते हुए कहा कि इसी तरह मजार को भी निशाना बनाया जा रहा है, जिसे कांग्रेस किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी।

2027 चुनाव से पहले सियासी संकेत

राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, यह बयान 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस की रणनीति का हिस्सा है। UGC बिल, शंकराचार्य विवाद और धार्मिक स्थलों जैसे मुद्दों को उठाकर कांग्रेस भाजपा के पारंपरिक वोट बैंक में सेंध लगाने की कोशिश कर रही है। फिलहाल, भाजपा की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

News Rastra
Author: News Rastra

Leave a Comment

और पढ़ें